झारखंड हाईकोर्ट ने एक मामले में फैसला सुनाते हुए कहा कि रात में किसी महिला के घर में घुसकर उसके कपड़े खींचने की कोशिश करना बलात्कार का प्रयास नहीं माना जा सकता. जस्टिस प्रदीप कुमार श्रीवास्तव ने निचली अदालत का फैसला बदलते हुए इसे मर्यादा भंग और आपराधिक बल के इस्तेमाल का मामला करार दिया.

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